समाजसेवी बसंत अग्रवाल ने लगाया साजिश का आरोप, बोले– धर्म और सामाजिक कार्यों से विचलित करने का प्रयास

रायपुर। समाजसेवी बसंत अग्रवाल ने आज रायपुर में आयोजित पत्रकारवार्ता में अपने ऊपर लगाए जा रहे आरोपों को पूरी तरह निराधार और राजनीति से प्रेरित बताया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यह पूरा मामला उनकी धार्मिक और सामाजिक छवि को धूमिल करने के उद्देश्य से फैलाया जा रहा है।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए बसंत अग्रवाल ने कहा कि वे लंबे समय से सनातन धर्म, संस्कृति और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं, और इसी कारण कुछ लोग उनके कार्यों से असहज होकर उन्हें बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि बिना तथ्य और प्रमाण के लगाए जा रहे आरोप न केवल दुर्भावनापूर्ण हैं, बल्कि समाज में भ्रम फैलाने वाले भी हैं।
बसंत अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि यह पहली बार नहीं है जब उनके विरुद्ध इस प्रकार की अफवाहें फैलाई गई हों। पूर्व में भी इसी तरह के प्रयास किए गए हैं, लेकिन हर बार सच्चाई सामने आई है। उन्होंने कहा कि वे अपने धर्म और संस्कृति के प्रति पूर्ण रूप से समर्पित हैं और किसी भी प्रकार की नकारात्मक राजनीति से विचलित नहीं होंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि उनके विरुद्ध आरोप लगाने वाले कुछ लोग स्वयं विवादित गतिविधियों से जुड़े रहे हैं, जिन पर पूर्व में प्रशासनिक कार्रवाई भी हो चुकी है। ऐसे में बिना तथ्यों के आरोप लगाना निंदनीय है।
पत्रकारवार्ता में उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया और कुछ माध्यमों के जरिए उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करने वालों को कानूनी नोटिस भेजने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि वे पूरी तरह कानून के दायरे में रहकर अपनी बात रखेंगे और सत्य की जीत सुनिश्चित करेंगे।
अंत में बसंत अग्रवाल ने मीडिया से अपील की कि किसी भी खबर को प्रसारित करने से पहले उसकी निष्पक्ष जांच अवश्य करें, ताकि समाज में भ्रम और तनाव की स्थिति उत्पन्न न हो। उन्होंने कहा कि वे संवाद और सत्य के पक्षधर हैं और आगे भी सामाजिक व धार्मिक सेवा के कार्य लगातार जारी रहेंगे।




