घरेलू एलपीजी सिलेंडर से गैस रिफिलिंग पूरी तरह प्रतिबंधित : खाद्य विभाग
रायपुर। दैनिक समाचार पत्र में प्रकाशित “बर्तन दुकानदार और चूल्हा सुधारने वालों द्वारा गैस रिफिलिंग के अवैध कारोबार” संबंधी समाचार के संदर्भ में खाद्य विभाग ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया है कि घरेलू एलपीजी सिलेंडर से किसी भी प्रकार की गैस रिफिलिंग पूरी तरह से प्रतिबंधित है।
खाद्य विभाग के अनुसार घरेलू गैस सिलेंडर का वजन घटाकर अथवा गैस को अन्य सिलेंडर में ट्रांसफर करना आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 एवं एलपीजी (रेगुलेशन ऑफ सप्लाई एंड डिस्ट्रीब्यूशन) आदेश का सीधा उल्लंघन है। ऐसे मामलों में पूर्व में भी संबंधित प्रतिष्ठानों को चिन्हित कर चेतावनी दी गई है और जांच की गई है।
विभाग ने स्पष्ट किया कि इस प्रकार के आरोप तथ्यों से परे और भ्रामक हैं। खाद्य विभाग एवं पुलिस विभाग के संयुक्त सहयोग से समय-समय पर औचक निरीक्षण एवं छापामार कार्रवाई की जाती रही है। हालांकि यह सत्य है कि अवैध गतिविधियां गोपनीय रूप से और कम समय में की जाती हैं, जिससे प्रत्येक मामले में तत्काल पकड़ संभव नहीं हो पाती, लेकिन यह कहना कि जांच नहीं होती, अनुचित है।
खाद्य विभाग ने बताया कि गैस वितरण कंपनियां केवल सीलबंद घरेलू सिलेंडरों की आपूर्ति तक ही सीमित हैं। उपभोक्ता स्तर पर सिलेंडर के दुरुपयोग की सूचना मिलने पर संबंधित एजेंसी द्वारा आपूर्ति निलंबित कर विभाग को रिपोर्ट की जाती है।
स्टिंग में दर्शाए गए कथनों को प्रथम दृष्टया जांच योग्य बताते हुए विभाग ने कहा कि टीम गठित कर जांच की जा रही है, किंतु केवल स्टिंग के आधार पर बिना भौतिक साक्ष्य के तत्काल दंडात्मक कार्रवाई विधिसम्मत नहीं होती।
विभाग द्वारा संवेदनशील बाजार क्षेत्रों को चिन्हित कर विशेष निगरानी सूची में शामिल किया गया है। साथ ही खाद्य एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम द्वारा समय-समय पर निरीक्षण किया जा रहा है। चूल्हा सुधार एवं मरम्मत करने वाले प्रतिष्ठानों को खाद्य निरीक्षकों द्वारा सख्त चेतावनी भी दी गई है।
खाद्य विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि गैस सिलेंडर से संबंधित किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि की सूचना तत्काल विभाग को दें, ताकि समय पर आवश्यक कार्रवाई की जा सके।




