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बिलासपुर की उड़ानों को लगेंगे ‘विकास के पंख’: सांसद तोखन साहू के प्रयास से 290 एकड़ भूमि की गई आवंटित

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर शहर के लिए हवाई कनेक्टिविटी के क्षेत्र में एक बड़ी और ऐतिहासिक उपलब्धि सामने आई है। केंद्रीय राज्य मंत्री एवं बिलासपुर के सांसद तोखन साहू के निरंतर प्रयासों से बिलासपुर एयरपोर्ट विस्तार परियोजना अब निर्णायक चरण में पहुंच गई है। परियोजना के तहत 290.80 एकड़ भूमि का आवंटन और ₹50.60 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर दी गई है, जिससे बिलासपुर को देश के प्रमुख हवाई मानचित्र पर मजबूती से स्थापित करने की दिशा में रास्ता साफ हो गया है।

4-C श्रेणी में उन्नयन, बड़े विमानों की होगी एंट्री

एयरपोर्ट को 4-C श्रेणी में उन्नत किए जाने की सैद्धांतिक मंजूरी मिल चुकी है। इसके बाद यहां से बड़े वाणिज्यिक विमानों का संचालन संभव हो सकेगा। इससे न केवल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि बिलासपुर की देश के प्रमुख शहरों से सीधी हवाई कनेक्टिविटी भी मजबूत होगी।

फरवरी–मार्च से नाइट लैंडिंग की तैयारी

परियोजना की एक और अहम उपलब्धि नाइट लैंडिंग की स्वीकृति है। प्रस्ताव के अनुसार, फरवरी–मार्च से बिलासपुर एयरपोर्ट पर रात के समय भी विमानों का संचालन शुरू होने की संभावना है। इससे यात्रियों को समय की अधिक सुविधा मिलेगी और उड़ानों की संख्या में भी वृद्धि होगी।

बुनियादी ढांचे का होगा विस्तार

एयरपोर्ट विस्तार योजना के तहत रनवे के विस्तार, नए टर्मिनल भवन और आधुनिक यात्री सुविधाओं के विकास को सैद्धांतिक मंजूरी दी गई है। इससे बिलासपुर एयरपोर्ट को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप विकसित किया जा सकेगा।

सांसद तोखन साहू ने जताया आभार

इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए केंद्रीय राज्य मंत्री एवं सांसद तोखन साहू ने इसे सामूहिक प्रयासों का परिणाम बताया। उन्होंने विभिन्न स्तरों पर सहयोग के लिए शीर्ष नेतृत्व का आभार प्रकट किया।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का विशेष आभार व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि सेना के आधिपत्य वाली भूमि को राज्य शासन को हस्तांतरित करने में उनके त्वरित सहयोग से परियोजना को गति मिली।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सराहना करते हुए उन्होंने राज्य सरकार द्वारा समय पर राशि जारी करने और प्रशासनिक अड़चनों को दूर करने के लिए धन्यवाद दिया।

केंद्रीय नागर विमानन मंत्री राम मोहन नायडू का भी आभार जताया गया, जिन्होंने बिलासपुर की मांग को प्राथमिकता देते हुए 4-C श्रेणी की मंजूरी प्रदान की।

विकास का नया अध्याय

सांसद तोखन साहू ने विश्वास जताया कि एयरपोर्ट के विस्तार से बिलासपुर संभाग में निवेश, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। इससे न केवल क्षेत्रीय विकास को गति मिलेगी, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

बिलासपुर एयरपोर्ट विस्तार परियोजना को क्षेत्र के लिए एक मील का पत्थर माना जा रहा है, जो आने वाले वर्षों में शहर को विकास की नई ऊंचाइयों तक ले जाने में अहम भूमिका निभाएगी।

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