रायगढ़ जिला प्रशासन की अफीम की खेती पर ताबड़तोड़ कार्रवाई, तमनार के बाद लैलूंगा के नवीन घटगांव और मुड़ागांव में अफीम खेती का भंडाफोड़, आरोपी हिरासत में

रायगढ़। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर रायगढ़ जिले में अवैध मादक पदार्थों की खेती के खिलाफ प्रशासन ने सख्त अभियान छेड़ रखा है। कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी और एसएसपी शशिमोहन सिंह के नेतृत्व में बीते 72 घंटों के भीतर तमनार, लैलूंगा के नवीन घटगांव और मुड़ागांव में अफीम की अवैध खेती का भंडाफोड़ किया गया है। लगातार हो रही कार्रवाई से इस अवैध कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मच गया है।
प्रशासन ने इस संबंध में पुलिस कंट्रोल रूम में प्रेस वार्ता आयोजित कर जानकारी दी। कलेक्टर चतुर्वेदी ने बताया कि जिले में अवैध मादक पदार्थों की खेती पर नियंत्रण के लिए व्यापक स्तर पर ड्रोन सर्वे कराया जा रहा है। खरसिया, घरघोड़ा, तमनार, लैलूंगा, मुकडेगा, रायगढ़, पुसौर और धरमजयगढ़ सहित कई क्षेत्रों के कुल 74 गांवों में सर्वे किया गया है। ड्रोन तकनीक के जरिए दूरस्थ इलाकों में भी निगरानी संभव हुई है, जिससे संदिग्ध गतिविधियों की पहचान कर त्वरित कार्रवाई की जा रही है।
उन्होंने बताया कि पिछले एक से डेढ़ सप्ताह में सीमावर्ती क्षेत्रों के विश्लेषण के दौरान पहले दो मामले सामने आए थे, जबकि आज तीसरा मामला भी उजागर हुआ। सभी मामलों में सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है और आगे भी यह अभियान जारी रहेगा।
एसएसपी शशिमोहन सिंह ने बताया कि 19 मार्च को मुखबिर की सूचना पर तमनार के आमाघाट में छापेमारी की गई, जहां सब्जी की खेती की आड़ में अफीम उगाई जा रही थी। यहां से करीब 60,326 पौधे जब्त किए गए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये है। इस मामले में झारखंड निवासी मुख्य आरोपी मार्शल सांगा को हिरासत में लिया गया है। पूरी फसल को नष्ट कर खेत समतल कर दिया गया।
इसके बाद 23 मार्च को लैलूंगा के नवीन घटगांव में ड्रोन और फिजिकल सर्वे के दौरान सादराम नाग के खेत में अवैध अफीम की खेती पकड़ी गई। साथ ही अभिमन्यु नागवंशी के घर से सूखी अफीम भी बरामद हुई, जिसे जब्त कर लिया गया। मुड़ागांव में तानसिंह नागवंशी से पूछताछ के दौरान भी संदिग्ध खेती की जानकारी मिली है, जहां से सूखे अवशेष बरामद कर जांच के लिए भेजे गए हैं।
पुलिस ने अब तक दो आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। जांच के बाद नारकोटिक्स एक्ट के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि इस प्रकार की किसी भी अवैध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस या प्रशासन को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।




