कलेक्टर ने ली जिला बाल संरक्षण समिति की बैठक

रायपुर। कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने जिला बाल संरक्षण समिति की समीक्षा बैठक ली। बैठक में मिशन वात्सल्य अंतर्गत संचालित योजनाओं एवं कार्यक्रमों की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में तय किया गया किशोर न्याय बोर्ड के न्यायालय के महत्वपूर्ण दस्तावेजों को सुरक्षित रखने के लिए रिकॉर्ड रूम के निमार्ण के लिए 8.5 लाख रुपए स्वीकृत किया। भवन निर्माण का कार्य ग्रामीण यांत्रिकी सेवा विभाग के द्वारा किया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि इन दस्तावेजों लाने ले जाने के लिए पूर्व में वाहन का उपयोग करना पड़ता था। लेकिन भवन निर्माण के पश्चात सारे दस्तावेज एक ही जगह पर उपलब्ध रहेंगे।
माना कैंप स्थित बाल संप्रेषण गृह में रहने वाले बालकों के सुरक्षा हेतु चार होमगार्ड रखने का भी निर्णय लिया गया है।
महिला एवं बाल विकास विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी शैल ठाकुर ने कलेक्टर को मिशन वात्सल्य के तहत संचालित संस्थाओं की स्थिति से अवगत कराया। बैठक में बाल कल्याण समिति एवं किशोर न्याय बोर्ड में प्रस्तुत प्रकरणों पर चर्चा की गई। जिले में संचालित चाइल्ड हेल्पलाइन के प्रकरणों की जानकारी दी गई। साथ ही गैर संस्थागत देखरेख के तहत की जा रही कार्रवाई एवं योजनाओं के प्रचार-प्रसार की समीक्षा की गई।
बैठक में नगर निगम आयुक्त संबित मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ कुमार बिश्वरंजन, अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी उमाशंकर बंदे, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथलेश चौधरी, संयुक्त संचालक समाज कल्याण अरविंद गेडाम, जिला बाल संरक्षण अधिकारी माधुरी शर्मा, जिला समन्वयक चाइल्ड हेल्पलाइन रेखा शर्मा एवं बाल देखरेख संस्थाओं के अधीक्षक उपस्थित रहे।




